Skip to content

बिहार सरकार का ऐतिहासिक फैसला: 12 लाख सरकारी कर्मचारियों-शिक्षकों को मिलेगी कैशलेस इलाज की सौगात, BGHS योजना मंजूर।

May 30, 2026
BGHS Bihar Cashless Health Card Scheme for Government Teachers and Employees

बिहार सरकार ने राज्य के 7.23 लाख नियमित कर्मियों और 4.74 लाख पेंशनभोगियों के लिए ‘बिहार सरकार स्वास्थ्य योजना’ (BGHS) को दी हरी झंडी; अब अस्पतालों में नहीं देना होगा नकद पैसा, सीधे CGHS दरों पर होगा कैशलेस इलाज।

विषयजानकारी
योजनाबिहार सरकार स्वास्थ्य योजना (BGHS)
लाभार्थी12 लाख कर्मचारी, शिक्षक, पेंशनभोगी
सुविधाकैशलेस इलाज
सीमा₹5 लाख तक
कटौती₹900 प्रति माह
अस्पतालसरकारी + Empanelled + CGHS
कार्डDigital Cashless Card
BGHS Bihar Quick Summary

पटना ब्यूरो, TeacherNama | Last Updated: May 2026

बिहार के करीब 12 लाख नियमित सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों और पेंशनभोगियों के लिए स्वास्थ्य विभाग ने एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजे गए आधिकारिक संलेख के अनुसार, राज्य में अब “बिहार सरकार स्वास्थ्य योजना” (BGHS) लागू की जा रही है।सम्राट कैबिनेट ने बिहार के सभी नियमित अधिकारियों, राज्य कर्मियों, संविदा शिक्षकों, पेंशनभोगियों और बिहार विधान मंडल के माननीय सदस्यों व उनके आश्रितों को कैशलेस अंतर्वासी (In-patient) चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के प्रस्ताव को ऐतिहासिक स्वीकृति दे दी है। इस योजना को “बिहार सरकार स्वास्थ्य योजना” (BGHS) के नाम से जाना जाएगा।

बिहार सरकार स्वास्थ्य योजना (BGHS) का पूरा बैकग्राउंड और आवश्यकता

वर्तमान व्यवस्था के तहत बिहार के सरकारी शिक्षकों, कर्मचारियों और सेवानिवृत्त कर्मियों को गंभीर बीमारियों के इलाज के दौरान सबसे पहले अपने स्तर से अस्पताल का पूरा बिल चुकाना पड़ता था। इसके बाद चिकित्सा प्रतिपूर्ति (Medical Reimbursement) के बिलों की विभिन्न प्रशासनिक स्तरों पर लंबी जांच होती थी, जिससे कर्मियों का पैसा महीनों तक फंसा रहता था और मानसिक व आर्थिक प्रताड़ना झेलनी पड़ती थी।

सातवें वेतन आयोग (7th Pay Commission) ने भी राज्य कर्मियों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने की पुरजोर अनुशंसा की थी। इसी व्यवस्था के सरलीकरण और कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही इस मांग को पूरा करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मुख्यमंत्री और वित्त विभाग की सहमति से इस क्रांतिकारी योजना का खाका तैयार किया है।

bihar-cashless-health-scheme.webp

शिक्षकों और सरकारी कर्मचारियों पर सीधा असर: सैलरी और पेंशन से क्या कटेगा?

यह योजना पूरी तरह से ऐच्छिक (Voluntary) होगी, यानी कर्मियों के पास इस योजना में शामिल होने या न होने का विकल्प खुला रहेगा। योजना का सीधा वित्तीय प्रभाव और नियम इस प्रकार हैं:

  • सैलरी से मासिक कटौती: वर्तमान में राज्य कर्मियों और पेंशनभोगियों को हर महीने मिलने वाले 1000 रुपये चिकित्सा भत्ता में से 90 प्रतिशत राशि (900 रुपये) की कटौती की जाएगी। शेष 10% (100 रुपये) कर्मियों को मिलता रहेगा। कटौती की यह राशि सीधे BGHS के विशेष फंड में संधारित होगी।
  • पेंशनभोगियों के लिए एकमुश्त नियम: सेवानिवृत्त राज्य कर्मियों और पारिवारिक पेंशनर्स को इस योजना का लाभ उठाने के लिए एक महीने की पेंशन राशि एकमुश्त (One-time) प्रारंभिक योगदान के रूप में जमा करनी होगी।
  • सरकारी मदद: योजना को शुरुआत में मजबूती देने के लिए बिहार सरकार अपनी तरफ से फंड में 100 करोड़ रुपये की प्रारंभिक एकमुश्त राशि (Initial Seed Capital) जमा करेगी।
  • कवरेज का दायरा: सरकारी अस्पतालों के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग और CGHS (Central Government Health Scheme) द्वारा सूचीबद्ध देश भर के सभी बड़े अस्पतालों में अधिकतम CGHS दर पर पूर्णतः कैशलेस इलाज मिलेगा। यदि कोई गैर-सूचीबद्ध अस्पताल में इलाज कराता है, तो उसे पूर्व की भांति प्रतिपूर्ति व्यवस्था का लाभ मिलेगा।

आधिकारिक पत्र का मुख्य अंश: “विपत्र की मूल वास्तविक राशि एवं उक्त चिकित्सा हेतु CGHS की अनुमान्य दर के अंतर का भुगतान संबंधित सदस्य द्वारा किया जाएगा। इस योजना के क्रियान्वयन हेतु State Data Centre में एक उत्कृष्ट कोटि का डिजिटल पोर्टल विकसित किया जाएगा, जिसके माध्यम से Cashless Card जारी किए जाएंगे।”

bihar-government-health-scheme-bghs-cashless-medical-facility-for-teachers-employees
सांकेतिक तस्वीर, Photo Credit:Gemini AI

विशेषज्ञों की राय और असमंजस का कारण

विशेषज्ञों और शिक्षक संगठनों ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया है, लेकिन कुछ व्यावहारिक बिंदुओं पर असमंजस की स्थिति भी बनी हुई है। सबसे बड़ा सवाल उन गंभीर और असाध्य बीमारियों के इलाज को लेकर है, जहां अस्पताल का वास्तविक बिल CGHS रेट से अधिक हो जाता है, क्योंकि नियमों के अनुसार उस अतिरिक्त अंतर राशि का भुगतान स्वयं कर्मचारी को ही करना होगा।

इसके अतिरिक्त, बिहार न्यायिक सेवा के पदाधिकारियों को माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में पहले ही कैशलेस सुविधा का आदेश प्राप्त है, उन्हें इस योजना में समाहित करने के लिए पटना हाईकोर्ट के परामर्श से अलग निर्णय लिया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग बहुत जल्द वित्त विभाग के परामर्श से इसके लिए एक विस्तृत Standard Operating Procedure (SOP) जारी करेगा, जिससे पूरी प्रक्रिया और स्पष्ट हो जाएगी।

Q1. बिहार BGHS योजना क्या है?

यह बिहार सरकार द्वारा सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों और पेंशनभोगियों के लिए शुरू की गई कैशलेस इलाज योजना है।

Q2. BGHS में कितना पैसा कटेगा?

कर्मचारियों के ₹1000 चिकित्सा भत्ते में से ₹900 की कटौती होगी।

Q3. क्या शिक्षक भी इस योजना में शामिल होंगे?

हाँ, नियमित शिक्षक इस योजना के लाभार्थी होंगे।

Q4. क्या पेंशनभोगियों को भी लाभ मिलेगा?

हाँ, लेकिन उन्हें एक माह की पेंशन एकमुश्त जमा करनी होगी।

Q5. क्या निजी अस्पतालों में इलाज होगा?

हाँ, Empanelled और CGHS सूचीबद्ध अस्पतालों में कैशलेस इलाज मिलेगा।